[दीवान]Fwd: Re: Fwd: Re: yahoo hindi - कविता , फुटबॉल , मछली और मारुति

Ravikant ravikant at sarai.net
Tue Feb 13 12:32:42 IST 2007


हिन्दी अंतर्वस्तु की आउट सोर्सिंग और
याहू का ठेका! रचनाकारों के नाम सिरे से ग़ायब हैं, यह भी नहीं कि यह विकिपीडिया जैसा हो.
नीचे राजेश की टिप्पणी सटीक है. 

रविकान्त

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Subject: Re: Fwd: Re: [दीवान]yahoo hindi - कविता ,   फुटबॉल ,   मछली और मारुति
Date: मंगलवार 13 फरवरी 2007 10:34
From: Rajesh Ranjan <rajeshkajha at yahoo.com>
To: ravikant at sarai.net

जैसा हमें मालूम हुआ है यह सारा काम ठेके पर बो रहा है और वेब दुनिया यह काम कर
 रही है...msn का लिये भी उसी ने ठेका लिया हुआ है....

दोनों की हिन्दी की साइट देखियेगा तो एक ही जैसा लगेगा...कभी कभी लगता है कि
 कॉरपोरेट व बहुराष्ट्रीय संस्कृति एकरूपता व एकरसता को जन्म देने के लिये लिये
 बनी होती है क्योंकि सब अंततः एकाधिकार कायम करने पर ही अपनी आंखें रखती है...

आपका
राजेश




----- Original Message ----
From: Ravikant <ravikant at sarai.net>
To: Rajesh Ranjan <rajeshkajha at yahoo.com>; Mohan Rana
 <letters2mohan at gmail.com> Sent: Friday, February 9, 2007 6:47:40 PM
Subject: Fwd: Re: [दीवान]yahoo hindi - कविता ,   फुटबॉल ,   मछली और मारुति


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Subject: Re: [दीवान]yahoo hindi - कविता , फुटबॉल , मछली और मारुति
Date: गुरुवार 08 फरवरी 2007 20:21
From: Mohan Rana <letters2mohan at gmail.com>
To: ravikant at sarai.net

बंधुवर , इस साइट का संपादन कौन कर रहा है? अगले सप्ताह मुलाकात होगी.
कुशल से होंगे

मोहन

Ravikant wrote:
> याहू की इसी नई हिन्दी साइट से. शुक्रिया, राजेश
>
> रविकान्त
>
> पुस्तक समीक्षा
>
> http://in.hindi.yahoo.com/Literat

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